- विनोद मिश्रा
बांदा। जिले में खाद की कालाबाजारी पर डीएम आनंद सिंह नें वार किया है। सामूहिक छापेमारी हुई। दरअसल इन दिनों खाद की कालाबाजारी हो रही है। दुकानें खोली नहीं जाती। किसान महंगे दर पर ब्लैक में इसकी खरीद को मजबूर हैं। डीएम आनंद सिंह को किसानों के माध्यम से जानकारी मिली तो उनके निर्देश पर प्रशासन ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। अधिकारियों की पांच टीमें बनाकर जिले की 42 खाद की दुकानों में छापेमारी की गई। 31 दुकानें बंद मिली। इन सभी दुकानदारों को कारण बताओं नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। जिला कृषि अधिकारी का कहना है कि संतोषजनक जवाब न मिलने पर अगली कार्यवाही की जाएगी।

खरीफ फसलों के लिए खाद की मांग बढ़ते देख प्रशासन पारदर्शी वितरण को लेकर सक्रिय हो गया है। जिले की 43 उर्वरक बिक्री केंद्रों पांच अलग-अलग टीमों ने छापेमारी की। तहसीलवार गठित टीमों में अतर्रा तहसील में जिला कृषि अधिकारी डा. प्रमोद कुमार, तहसीलदार विजय प्रताप सिंह, नरैनी में परियोजना निदेशक डीआरडीए हुबलाल, भूमि संरक्षण अधिकारी सौरभ कुमार, बबेरू में भूमि संरक्षण अधिकारी आरके माथुर, तहसीलदार सुशील कुमार, पैलानी में एसडीएम रामककुमार, अपर जिला कृषि अधिकारी व सदर तहसील में जिला उद्यान अधिकारी राजेन्द्र कुमार व उप संभागीय कृषि प्रसार अधिकारी संतोष कुमार ने खाद की दुकानों में छापेमारी की।

सभी बंद दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। संतोष जनक जवाब न मिलने पर अग्रिम कार्यवाही की जाएगी। छापेमारी के दौरान निजी थोक व फुटकर प्रतिष्ठानों में स्टाक का पीओएस मशीन व भौतिक मिलान सहित नमूनों को देखा गया। जिला कृषि अधिकारी ने बताया आगे भी छापेमारी की कार्यवाही जारी रहेगी।

( शरद मिश्रा- संपादक )
( सिटी न्यूज़ उत्तर प्रदेश )



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